Bihar Road Project: बिहार में राष्ट्रीय उच्च पथ (एनएच) की 26 महत्वपूर्ण परियोजनाओं के लिए वन विभाग की 711.92 हेक्टेयर भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया तेज कर दी गई है। पथ निर्माण विभाग के सचिव पंकज कुमार पाल ने बताया कि केंद्र सरकार के नियमों के अनुसार प्रतिपूरक वनीकरण की जिम्मेदारी संबंधित निर्माण एजेंसी की होगी। इन परियोजनाओं की मॉनिटरिंग विभागीय स्तर पर लगातार की जा रही है।
उन्होंने कहा कि एनएच परियोजनाएं राज्य की कनेक्टिविटी मजबूत करने, निवेश को आकर्षित करने और आर्थिक विकास को गति देने में अहम भूमिका निभाती हैं। इन योजनाओं के समयबद्ध निष्पादन के लिए केंद्र और राज्य सरकार के बीच बेहतर समन्वय स्थापित किया गया है। वन भूमि से जुड़े प्रस्तावों को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जा रहा है और आवश्यक स्वीकृतियां जल्द प्राप्त करने की दिशा में पहल की जा रही है, ताकि किसी भी परियोजना में अनावश्यक देरी न हो।
इधर, कैमूर जिले के कुदरा प्रखंड मुख्यालय से सकरी गांव तक राष्ट्रीय राजमार्ग-19 (NH-19) पर चल रहा सिक्स लेन निर्माण कार्य लापरवाही का शिकार बना हुआ है। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) और परिवहन विभाग की उदासीनता के कारण सड़क सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार, कुदरा से सकरी तक एनएच-19 और सर्विस रोड की स्थिति बेहद खराब है। जगह-जगह गहरे गड्ढे खोदे गए हैं, लेकिन उन्हें भरने या समतल करने की दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। सर्विस रोड और फुटपाथ भी जर्जर हो चुके हैं, जिससे पैदल चलना तक मुश्किल हो गया है।
कई स्थानों पर बैरियर लगाकर आवागमन बाधित कर दिया गया है, जिससे वाहन चालकों को अचानक रास्ता बदलना पड़ता है और दुर्घटनाओं का खतरा बढ़ जाता है। रात और बारिश के दौरान स्थिति और भी खतरनाक हो जाती है। स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि न तो पर्याप्त चेतावनी संकेत लगाए गए हैं और न ही वैकल्पिक मार्गों की उचित व्यवस्था की गई है। कुदरा थाना क्षेत्र में हाल के दिनों में सड़क हादसों की संख्या बढ़ी है, जिससे लोगों में आक्रोश है।
लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि निर्माण कार्य को जल्द पूरा कराया जाए, गड्ढों को भरकर सड़क को सुरक्षित बनाया जाए और जरूरी सुरक्षा उपाय सुनिश्चित किए जाएं। उनका कहना है कि समय रहते सुधार नहीं हुआ तो कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है।



