Bihar News: पटना सिटी में गंगा नदी के किनारे 139 करोड़ रुपये की लागत से 11 घाटों का जीर्णोद्धार और नवनिर्माण किया जा रहा है। इस शानदार परियोजना का मकसद श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और धार्मिक आस्था को बढ़ावा देना है। खुशखबरी यह है कि अब तक 8 घाटों का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है, जबकि बाकी तीन घाटों का काम अंतिम चरण में है। यह प्रयास न केवल धार्मिक महत्व के घाटों को नया रूप देगा, बल्कि पर्यटन और स्थानीय अर्थव्यवस्था को भी काफी मजबूती प्रदान करेगा।
बिहार विधानसभा अध्यक्ष नंद किशोर यादव और नगर विकास एवं आवास मंत्री जीवेश मिश्रा ने 10 जून 2025 को भद्र घाट, महावीर घाट, और नौजर घाट का दौरा कर निर्माण कार्यों का जायजा लिया था। उन्होंने अधिकारियों को गुणवत्ता और समयबद्धता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए। घाटों को आधुनिक सुविधाओं जैसे मजबूत संरचना, स्वच्छता, और बेहतर रोशनी के साथ विकसित किया जा रहा है, ताकि बरसात और बाढ़ के दौरान भी श्रद्धालुओं को असुविधा न हो। मंत्री मिश्रा ने बताया कि यह परियोजना शहर को स्मार्ट और सुंदर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
जानकारी के मुताबिक अब तक पथरी घाट, नरकट घाट, बजरंग घाट, लोहरवा घाट, गोसाई घाट, राजा घाट, खाजेकलां घाट और कंगन घाट का निर्माण पूरा हो चुका है। इन घाटों को मजबूत डिज़ाइन और आधुनिक सुविधाओं के साथ तैयार किया गया है, जिससे छठ पूजा जैसे बड़े आयोजनों में श्रद्धालुओं को बेहतर अनुभव मिलेगा। बाकी तीन घाट (भद्र घाट, महावीर घाट और नौजर घाट) 43.10 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे हैं और अगले 3 महीनों में तैयार हो जाएंगे। इन घाटों का निर्माण बिहार अर्बन डेवलपमेंट कंपनी और नमामि गंगे परियोजना के तहत हो रहा है।
यह परियोजना पटना सिटी के सांस्कृतिक और धार्मिक स्वरूप को निखारने के साथ-साथ रोज़गार के अवसर भी पैदा करेगी। घाटों तक बेहतर सड़क संपर्क, स्वच्छता व्यवस्था और सुरक्षा उपायों से पर्यटकों की संख्या में वृद्धि होने की भी पूरी संभावना है। नागरिकों से अपील की गई है कि वे निर्माण कार्यों में सहयोग करें और घाटों की स्वच्छता को बनाए रखें।






