Bihar News: 13 जुलाई को बिहार में वज्रपात की कई घटनाओं ने 9 लोगों की जान ले ली है। जिसमें बांका, गया, पटना और वैशाली जिले सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं। इन घटनाओं में बाइक सवार, कांवरिया, किसान और पशुपालक ठनके की चपेट में आए हैं। मृतकों की उम्र 12 से 65 वर्ष के बीच थी और कई लोग गंभीर रूप से झुलसकर घायल भी हुए हैं। मौसम विभाग ने पहले ही वज्रपात और बारिश का अलर्ट जारी किया था, लेकिन इसके बावजूद ये हादसे हुए।
बांका जिले में वज्रपात से चार लोगों की मौत हुई, यह इस दिन सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्र रहा। मृतकों में शामिल हैं:
- कोहकारा: करीना कुमारी (12 वर्ष)
- अमरपुर: अनिल यादव
- फुल्लीडुमर: सुलेखा देवी
- बेलहर: पशुपालक विजय यादव
गया में बाइक सवारों पर कहर
गया जिले के सूर्यमंडल चेकपोस्ट के पास बाइक सवार तीन युवकों पर ठनका गिरा है। इसमें अंकित और विकेश कुमार की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि वकील मांझी गंभीर रूप से झुलस गया और उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इसके अलावा मोहड़ा प्रखंड में मवेशी चराने गए पशुपालक रूपलाल यादव की भी वज्रपात से मौत हो गई है।
पटना और वैशाली
- पटना (मोकामा): किसान पोख नारायण महतो की आकाशीय बिजली की चपेट में आने से मौत हो गई है। पंडारक में एक भैंस भी ठनके का शिकार हुई है।
- वैशाली (चकमसूद): एक बच्ची की वज्रपात से मौत हो गई।
- बांका (जिलेबिया मोड़): एक कांवरिया किशोर ठनके की चपेट में आकर गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया।
मौसम विभाग का अलर्ट
IMD के अनुसार गांगेय पश्चिम बंगाल और झारखंड में चक्रवाती परिसंचरण के सक्रिय होने के कारण बिहार का मौसम अचानक बदला है। 15 जुलाई को जमुई और नवादा में भारी बारिश और वज्रपात का येलो अलर्ट जारी किया गया है। 16 जुलाई से मानसून के फिर से सक्रिय होने की संभावना है। जिससे कोसी, सीमांचल और दक्षिण बिहार में झमाझम बारिश हो सकती है। लोगों से सतर्क रहने और खुले मैदानों, पेड़ों के नीचे या ऊंचे स्थानों पर न जाने की अपील की गई है।





