Bihar News: बिहार में शराबबंदी के बावजूद तस्करी के नए-नए तरीके सामने आ रहे हैं। ताजा मामला राजधानी पटना के जक्कनपुर थाना क्षेत्र का है, जहां पुलिस ने कार्रवाई करते हुए एक पिकअप वाहन से करीब 16 लाख रुपये मूल्य की 881 लीटर शराब बरामद की है। इस पूरे मामले में चौंकाने वाली बात यह है कि शराब को कुरियर के माध्यम से ‘हाइड्रो केमिकल’ के नाम पर मंगाया गया था, ताकि किसी को शक न हो।
घटना करबिगहिया ट्रैफिक पोस्ट के पास की है, जहां शनिवार रात लगभग 10:49 बजे ट्रैफिक पुलिस की टीम नियमित जांच में जुटी थी। इसी दौरान एक संदिग्ध पिकअप वाहन को रोकने का प्रयास किया गया। पुलिस को देखते ही चालक वाहन छोड़कर मौके से फरार हो गया। इस हरकत से पुलिस का शक और गहरा गया।
मौके पर तैनात महिला सिपाही संगीता ने वाहन में रखे कार्टनों को देखकर संदेह जताया और तुरंत इसकी सूचना जक्कनपुर थाना पुलिस को दी। सूचना मिलते ही गश्ती दल मौके पर पहुंचा और पिकअप वाहन को अपने कब्जे में लेकर थाने ले जाया गया। जब कार्टनों की जांच की गई, तो उसमें भारी मात्रा में शराब बरामद हुई। कुल 881 लीटर शराब अलग-अलग पैकेजिंग में छिपाकर रखी गई थी, जो प्रथम दृष्टया चंडीगढ़ में निर्मित बताई जा रही है।
प्रारंभिक जांच में खुलासा हुआ कि शराब को सीधे कुरियर के जरिए पटना मंगाया गया था। कार्टनों पर ‘हाइड्रो केमिकल’ लिखा गया था, ताकि यह लगे कि अंदर कोई रासायनिक पदार्थ है। इस तरीके से तस्करों ने जांच एजेंसियों को गुमराह करने की कोशिश की। पुलिस को शक है कि यह एक संगठित नेटवर्क का हिस्सा है, जो बिहार में शराबबंदी कानून को धता बताकर बड़े पैमाने पर अवैध सप्लाई कर रहा है।
इस मामले में पुलिस ने मेहंदीगंज निवासी 23 वर्षीय धर्मेंद्र कुमार को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में उसने बताया कि शराब की यह खेप पटना सिटी इलाके में डिलीवर की जानी थी। उसने मुख्य तस्कर के बारे में भी कुछ अहम जानकारी दी है, जिसके आधार पर पुलिस आगे की कार्रवाई कर रही है।
पुलिस ने संबंधित कुरियर कंपनी के एक कर्मचारी को भी हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। आशंका जताई जा रही है कि इस पूरे नेटवर्क में कुरियर के कुछ लोगों की मिलीभगत भी हो सकती है। हालांकि, पुलिस अभी हर पहलू की जांच कर रही है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस तस्करी में कौन-कौन शामिल है।
जांच में यह भी सामने आया है कि इस अवैध कारोबार के तार राजस्थान और अन्य राज्यों से भी जुड़े हो सकते हैं। इससे यह संकेत मिलता है कि यह कोई छोटा गिरोह नहीं, बल्कि एक बड़ा अंतरराज्यीय नेटवर्क हो सकता है, जो अलग-अलग राज्यों से शराब मंगाकर बिहार में खपाने का काम करता है।
फिलहाल फरार चालक और मुख्य तस्कर की गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार छापेमारी कर रही है। जक्कनपुर थाना प्रभारी के अनुसार, पूरे मामले की गहन जांच की जा रही है और यह पता लगाया जा रहा है कि शराब की यह खेप कहां से भेजी गई थी और इसके पीछे कौन लोग सक्रिय हैं।




