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बिहार के 9 हजार से अधिक शिक्षकों पर कार्रवाई की तैयारी, नहीं किया यह काम तो रूक जाएगी सैलरी

Bihar Teacher News: गया जी जिले में 9000 से अधिक शिक्षकों पर शिक्षा विभाग ने सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है। ई-शिक्षाकोष पोर्टल पर जानकारी अपडेट नहीं करने पर 24 घंटे में वेतन रोकने और विभागीय कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।

1st Bihar Published by: FIRST BIHAR Updated Jun 13, 2026, 2:54:59 PM

Bihar Teacher News

प्रतिकात्मक तस्वीर - फ़ोटो Google

Bihar Teacher News: बिहार के गया जी जिले के हजारों शिक्षकों के लिए शिक्षा विभाग ने सख्त अल्टीमेटम जारी किया है। ई-शिक्षाकोष पोर्टल पर अपनी व्यक्तिगत और सेवा संबंधी जानकारी अपडेट नहीं करने वाले शिक्षकों पर अब वेतन रोकने और विभागीय कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।


विभाग ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि सभी शिक्षक 24 घंटे के भीतर अपना विवरण अनिवार्य रूप से अपडेट करें, अन्यथा उनके खिलाफ सख्त कदम उठाए जाएंगे। गया जी जिले में 9000 से अधिक ऐसे शिक्षक हैं, जिनकी जानकारी अब तक पोर्टल पर अपडेट नहीं की गई है।


जिला शिक्षा कार्यालय ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए सभी संबंधित अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (स्थापना) आनंद कुमार ने सभी प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों, विद्यालय अवर निरीक्षकों (नगर निगम) और लेखा सहायक-सह-डाटा एंट्री ऑपरेटरों को निर्देश दिया है कि सभी शिक्षकों का विवरण निर्धारित समय सीमा में अपडेट कराया जाए।


प्राथमिक शिक्षा निदेशक, पटना के निर्देश पर शिक्षकों को पहले ही 5 जून 2026 तक जानकारी अपडेट करने को कहा गया था, लेकिन बड़ी संख्या में शिक्षकों ने अब तक स्थायी पता, वर्तमान पता और अन्य आवश्यक विवरण दर्ज नहीं किए हैं। विभाग ने इसे गंभीर लापरवाही माना है।


ई-शिक्षाकोष पोर्टल पर शिक्षकों को अपना पंजीकरण, पदस्थापन विवरण, व्यक्तिगत जानकारी, स्थायी पता और वर्तमान पता अनिवार्य रूप से अपडेट करना होगा। विभाग ने स्पष्ट किया है कि संबंधित अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में यह कार्य 24 घंटे के भीतर पूरा कराएं। निर्धारित समय सीमा समाप्त होने के बाद जानकारी अपडेट नहीं करने वाले शिक्षकों की सूची जिला कार्यालय को भेजी जाएगी।


जारी आदेश में कहा गया है कि समय पर विवरण अपडेट नहीं करने वाले शिक्षकों का वेतन रोका जा सकता है और उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई भी शुरू की जा सकती है। प्रखंड शिक्षा पदाधिकारियों और अन्य संबंधित अधिकारियों को इस प्रक्रिया की लगातार निगरानी करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि कोई भी शिक्षक अपडेट प्रक्रिया से वंचित न रह जाए।