ब्रेकिंग
पटना में अवैध अतिक्रमण के खिलाफ फिर गरजेगा जिला प्रशासन का बुलडोजर, इस दिन से शुरू होगा विशेष अभियान‘JDU को अब कार्यकारी अध्यक्ष की जरूरत नहीं’, पूर्व सांसद आनंद मोहन का बड़ा बयानहर्ष फायरिंग केस में बुरे फंसे जीतनराम मांझी के करीबी, HAM प्रवक्ता दानिश रिजवान के खिलाफ केस दर्जअब पहले से भी अधिक महंगी और लग्जरी गाड़ियों से घूमेंगे बिहार के मंत्री और अधिकारी, सरकार ने जारी किया आदेशतेज रफ्तार ट्रक ने दो दोस्तों को रौंदा, दर्दनाक हादसे में एक की मौत; दूसरे की हालत गंभीरपटना में अवैध अतिक्रमण के खिलाफ फिर गरजेगा जिला प्रशासन का बुलडोजर, इस दिन से शुरू होगा विशेष अभियान‘JDU को अब कार्यकारी अध्यक्ष की जरूरत नहीं’, पूर्व सांसद आनंद मोहन का बड़ा बयानहर्ष फायरिंग केस में बुरे फंसे जीतनराम मांझी के करीबी, HAM प्रवक्ता दानिश रिजवान के खिलाफ केस दर्जअब पहले से भी अधिक महंगी और लग्जरी गाड़ियों से घूमेंगे बिहार के मंत्री और अधिकारी, सरकार ने जारी किया आदेशतेज रफ्तार ट्रक ने दो दोस्तों को रौंदा, दर्दनाक हादसे में एक की मौत; दूसरे की हालत गंभीर

पद्मश्री डॉ. मानस बिहारी वर्मा का हार्ट अटैक से निधन, लहेरियासराय स्थित आवास में ली आखिरी सांस

DARBHANGA: 'तेजस' की नींव रखने वाले बिहार के वैज्ञानिक डॉक्टर मानस बिहारी वर्मा का निधन हो गया। डॉ. मानस बिहारी वर्मा पूर्व राष्ट्रपति और मशहूर वैज्ञानिक डॉ. एपीजे अब्दुल क

पद्मश्री डॉ. मानस बिहारी वर्मा का हार्ट अटैक से निधन, लहेरियासराय स्थित आवास में ली आखिरी सांस
Santosh SinghSantosh Singh|
|AMP
विज्ञापन — Rectangle

DARBHANGA: 'तेजस' की नींव रखने वाले बिहार के वैज्ञानिक डॉक्टर मानस बिहारी वर्मा का निधन हो गया। डॉ. मानस बिहारी वर्मा पूर्व राष्ट्रपति और मशहूर वैज्ञानिक डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम के लिए खास थे। मानस बिहारी लंबे समय से बीमार चल रहे थे। सोमवार को दरभंगा के लहेरियासराय स्थित आवास पर हार्ट अटैक से उनका निधन हो गया। डॉ. मानस बिहारी वर्मा के निधन से दरभंगा में शोक की लहर है।

डॉ. मानस बिहारी वर्मा का जन्म दरभंगा के घनश्यामपुर के बाउर गांव में हुआ था। उनकी स्कूली शिक्षा मधेपुर के जवाहर हाई स्कूल से हुई थी। जिसके बाद राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान पटना और कोलकाता विश्वविद्यालय में उन्होंने पढ़ाई की। डीआरडीओ में वैज्ञानिक के रूप में उन्होंने 35 वर्षों तक काम किया। बैंगलोर, कोरापुट और नई दिल्ली में विभिन्न वैमानिकी विभागों में भी उन्होंने काम किया था। उन्हें पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम के साथ काम करने का मौका भी मिला। 


डॉ. मानस बिहारी वर्मा पूर्व राष्ट्रपति और मशहूर वैज्ञानिक डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम के लिए खास थे। वर्ष 1986 में तेजस फाइटर जेट विमान बनाने के लिए बनी टीम में भी उन्हें शामिल किया गया था। इस टीम में मैनेजमेंट प्रोग्राम डायरेक्टर के रूप में उन्होंने अपना योगदान दिया। डीआरडीओ से जुलाई 2005 में रिटायर होने के बाद वे दरभंगा पहुंच गये। रिटायर्मेंट के बाद वे बच्चों को विज्ञान और कंप्यूटर की शिक्षा देने लगे। डॉ. मानस वर्मा को कई सम्मान से भी सम्मानित किया गया था। पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने डॉ. मानस बिहारी वर्मा को साइंटिस्ट ऑफ द ईयर पुरस्कार से सम्मानित किया था। 2018 में उन्हें भारत के राष्ट्रपति द्वारा पद्म श्री सम्मान से सम्मानित किया गया था। 


इस खबर के बारे में
Santosh Singh

रिपोर्टर / लेखक

Santosh Singh

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

विज्ञापन

संबंधित खबरें