Chaiti Chhath 2026: चैती छठ पर्व की शुरुआत आज नहाय-खाय के साथ हो गई है। इस अवसर पर पटना में गंगा नदी और विभिन्न तालाबों को मिलाकर कुल 49 घाटों को व्रतियों के लिए सजाकर तैयार किया गया है। शाम तक ये घाट रंगीन रोशनी से जगमगाने लगेंगे, जिसकी तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी हैं।
पाटलिपुत्र अंचल में बड़े स्तर पर छह प्रमुख घाट तैयार किए गए हैं। यहां जेपी गंगा पथ और अंडरपास के माध्यम से पहुंचने की व्यवस्था की गई है। हालांकि, हालिया बारिश के कारण कई स्थानों पर कीचड़ और दलदल जैसी स्थिति बन गई है, जिससे आवागमन में कुछ दिक्कतें सामने आई हैं। प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि सभी अधूरे कार्य आज ही पूरे कर लिए जाएंगे।
घाटों पर व्रतियों की सुविधा के लिए बैरिकेडिंग, वॉच टावर, चेक पोस्ट, पार्किंग, शौचालय, पेयजल और चेंजिंग रूम जैसी सभी आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित की गई हैं। नगर निगम ने सुरक्षा और सुव्यवस्था को लेकर विशेष इंतजाम किए हैं।
शनिवार की बारिश के कारण कई घाटों तक जाने वाले रास्तों पर फिसलन और कीचड़ की समस्या उत्पन्न हो गई है, खासकर गंगा किनारे के रेतीले मार्गों पर चलना मुश्किल हो गया है। इस स्थिति को देखते हुए फिसलन वाले स्थानों पर बालू की बोरियां डाली जा रही हैं, ताकि व्रतियों को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
जेपी सेतु के नीचे घाट संख्या 83, 88 और 93 को विशेष रूप से भव्य रूप से तैयार किया गया है। यहां गंगा की धारा कुछ दूर होने के कारण दलदल कम है और पथरीली बालू होने से व्रती 30 से 40 फुट तक आगे जाकर आसानी से अर्घ्य दे सकेंगे। इन घाटों तक पहुंचने के लिए अंडरपास और जेपी सेतु के रास्ते सुविधाजनक बनाए गए हैं, साथ ही पार्किंग की भी पर्याप्त व्यवस्था की गई है।
इन घाटों की जानकारी नगर निगम के चैट-बॉट के माध्यम से भी प्राप्त की जा सकती है। वहीं, छठ पर्व को देखते हुए 22 मार्च से 25 मार्च तक गंगा नदी में नावों के परिचालन पर रोक लगा दी गई है। इस संबंध में पटना सदर एसडीओ कृतिका मिश्रा द्वारा आदेश जारी किया गया है।




