Bihar News: भागलपुर जिले के सुल्तानगंज में प्रस्तावित ग्रीनफील्ड एयरपोर्ट परियोजना को गति मिलने लगी है। डीएम डॉ. नवल किशोर चौधरी ने बुधवार को अपने अधीनस्थ अधिकारियों के साथ स्थल का विस्तृत निरीक्षण किया। उन्होंने भौगोलिक स्थिति, हवाई पट्टी के माप, जमीन की उपलब्धता और तकनीकी पहलुओं की गहन समीक्षा की। अंचल अमीन ने एयरपोर्ट के लिए चिह्नित 931 एकड़ भूमि और उसके माप की जानकारी दी। डीएम ने अब तक की प्रगति रिपोर्ट मांगी और कार्यों में तेजी लाने के सख्त निर्देश दिए, ताकि परियोजना जल्द धरातल पर उतरे।
निरीक्षण के दौरान डीएम ने सुल्तानगंज-तारापुर फोरलेन और मंझली बांध का भी दौरा किया। इस दौरान बरसात में होने वाले जलजमाव की समस्या पर विशेष फोकस रहा। अधिकारियों ने बताया है कि गंगनियां के पास गंगा का पानी सहायक नदियों से एयरपोर्ट क्षेत्र में घुस आता है। डीएम ने मुख्य मार्ग और बांध को ऊंचा करने की आवश्यकता बताई, ताकि भविष्य में कोई बाधा न बने। जिला प्रशासन अब ऑब्स्ट्रक्शन लिमिटिंग सरफेस रिपोर्ट तैयार कर रहा है। एयरपोर्ट अथॉरिटी ऑफ इंडिया ने उड़ान-लैंडिंग में बाधा वाले अवरोधों की सूची और साइट क्लीयरेंस विवरण मांगा है।
परियोजना के लिए 432.32 करोड़ रुपये की प्रारंभिक राशि आवंटित हो चुकी है। यह एयरपोर्ट पूर्वी बिहार को हल्दिया पोर्ट से जोड़ेगा और श्रावणी मेला जैसे धार्मिक आयोजनों को बढ़ावा देगा। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में यह UDAN योजना का हिस्सा है। निरीक्षण में सहायक समाहर्ता जतिन कुमार, अपर समाहर्ता दिनेश राम, डीसीएलआर अपेक्षा मोदी, वरीय उप समाहर्ता अंकिता चौधरी, बीडीओ संजीव कुमार और सीओ अनुज कुमार झा मौजूद थे।
यह एयरपोर्ट भागलपुर को एविएशन हब बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा। स्थानीय लोगों को रोजगार और बेहतर कनेक्टिविटी मिलेगी। प्रशासन ने तकनीकी और भू-परिस्थितिगत चुनौतियों को दूर करने का भरोसा दिया है। उम्मीद है कि 2028 तक परियोजना पूरी हो जाएगी।






