Bihar News: विधानसभा चुनाव ख़त्म होने और नई सरकार के गठन के बाद बांका जिला शिक्षा विभाग ने शिक्षकों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। अब से जो शिक्षक सुबह 9:30 बजे बाद स्कूल आएंगे या 4 बजे से पहले निकल जाएंगे, उनकी सैलरी सीधे कट जाएगी। चुनाव के दौरान ड्यूटी में जो आराम मिल सो मिला लेकिन अब कोई ढील नहीं दी जाएगी। डीईओ और डीपीओ ने अभी तक डेढ़ दर्जन से ज्यादा शिक्षकों को कारण बताओ नोटिस थमा दिया है और शनिवार देर शाम तक कई शिक्षकों को दफ्तर बुलाकर पूछताछ भी की गई है।
केवल यही नहीं ई-शिक्षा कोष पोर्टल से रोजाना की हाजिरी की लाइव मॉनिटरिंग भी शुरू हो चुकी है। पता चला है कि कुछ शिक्षक तो महीने में 10-12 दिन बिना बताए ही गायब रहते हैं, जबकि कुछ नियमित रूप से दो-तीन घंटे पहले ही स्कूल से खिसक लेते हैं। जिन शिक्षकों से स्पष्टीकरण मांगा गया है, उन्हें तीन दिन के अंदर लिखित जवाब देना होगा। जवाब संतोषजनक नहीं हुआ तो एक दिन की अनुपस्थिति पर एक दिन का वेतन कटेगा। लगातार लापरवाही करने वालों पर निलंबन तक की कार्रवाई भी हो सकती है। विभाग ने एक विशेष टीम बना दी है जो अब रोजाना ई-शिक्षा कोष पोर्टल चेक करती है और संदिग्ध हाजिरी वालों की लिस्ट बनाती है।
इस ताबड़तोड़ एक्शन के बाद शिक्षक संगठनों में हड़कंप मच गया है। कई शिक्षक शिकायत कर रहे हैं कि रास्ते खराब हैं, बस नहीं मिलती है। लेकिन विभाग का साफ कहना है कि पहले सूचना दो, छुट्टी लो, अब मनमानी नहीं चलेगी। इधर अभिभावकों ने इस कदम का स्वागत किया है। उनका कहना है कि चुनाव के नाम पर महीनों से बच्चे बिना पढ़ाई के बैठे हुए थे, अब कम से कम गुरुजी समय पर आएंगे तो कुछ तो पढ़ाई होगी। बांका के बाद अब अन्य जिलों में भी ऐसी कार्रवाई आए दिन देखने को मिलेगी।






