ब्रेकिंग
भ्रष्टाचारियों में विजय सिन्हा का खौफ! मुंगेर पहुंचने से पहले ही महत्वपूर्ण कागजात जलाए, खतियान जलाने का वीडियो वायरल; जांच के आदेशCBSE 10th Result 2026: जल्द जारी होंगे CBSE बोर्ड 10वीं के रिजल्ट, DigiLocker पर ऐसे चेक करें नतीजेकिशनगंज SDPO की ‘भ्रष्ट लीला’: पत्नी और गर्लफ्रेंड ही नहीं नौकरानी को भी बना दिया ‘रानी’, 35 लाख की THAR से काम पर आती थी करोड़पति पारोबिहार पुलिस की कस्टडी में युवक की संदिग्ध मौत पर बवाल, थाने में बेरहमी से मारपीट का आरोप‘देश को ‘इस्लामिक भारत’ बनाना चाहते हैं कुछ मुस्लिम संगठन’, UCC को लेकर AIMPLB के विरोध पर बरसे गिरिराज सिंहभ्रष्टाचारियों में विजय सिन्हा का खौफ! मुंगेर पहुंचने से पहले ही महत्वपूर्ण कागजात जलाए, खतियान जलाने का वीडियो वायरल; जांच के आदेशCBSE 10th Result 2026: जल्द जारी होंगे CBSE बोर्ड 10वीं के रिजल्ट, DigiLocker पर ऐसे चेक करें नतीजेकिशनगंज SDPO की ‘भ्रष्ट लीला’: पत्नी और गर्लफ्रेंड ही नहीं नौकरानी को भी बना दिया ‘रानी’, 35 लाख की THAR से काम पर आती थी करोड़पति पारोबिहार पुलिस की कस्टडी में युवक की संदिग्ध मौत पर बवाल, थाने में बेरहमी से मारपीट का आरोप‘देश को ‘इस्लामिक भारत’ बनाना चाहते हैं कुछ मुस्लिम संगठन’, UCC को लेकर AIMPLB के विरोध पर बरसे गिरिराज सिंह

33 साल पुराने केस में फैसला: सूरजभान को 1 साल, भाजपा नेता राम लखन सिंह और वीरेंद्र ईश्वर को 4-4 साल की सजा

बेगूसराय की MP-MLA कोर्ट ने 33 साल पुराने मामले में फैसला सुनाया। पूर्व सांसद सूरजभान सिंह को 1 साल, भाजपा नेता राम लखन सिंह और वीरेंद्र ईश्वर को 4-4 साल की सजा

बिहार
पुलिस टीम पर हमला किए जाने का मामला
© सोशल मीडिया
Jitendra Vidyarthi
|
|AMP
विज्ञापन — Rectangle

BEGUSARAI: पुलिस की टीम पर हमला किये जाने के मामले में बेगूसराय कोर्ट ने फैसला सुनाया है। 33 साल पुराने मामले में फैसला सुनाते हुए बाहुबली पूर्व सांसद सूरजभान सिंह को एक साल और भाजपा नेता राम लखन सिंह समेत दो आरोपियों को 4-4 साल कारावास की सजा सुनाई है। 


MP-MLA कोर्ट के न्यायाधीश संजय कुमार ने सुनवाई करते हुए पूर्व सांसद सूरजभान सिंह को एक साल, भाजपा के वरिष्ठ नेता राम लखन सिंह को 4 साल और वीरेंद्र ईश्वर उर्फ शोषण सिंह को 4 साल की सजा सुनाई। पूर्व सांसद सूरजभान सिंह को एक साल सजा होने की वजह से जमानत मिल गई जबकि बीजेपी नेता राम लखन सिंह और वीरेंद्र ईश्वर को जेल भेज दिया गया। 


बताया जाता है कि घटना 9 अक्टूबर 1992 की है, जब मोम फैक्ट्री में कुछ बदमाशों के हथियार के साथ छिपे होने की सूचना मिलने के बाद मौके पर पुलिस पहुंची थी। तब बदमाशों ने पुलिस के ऊपर फायरिंग कर दी थी। मौके से पुलिस ने राम लखन सिंह और वीरेंद्र ईश्वर को अरेस्ट किया था जबकि सूरजभान सिंह मौके से फरार हो गया था। तब एफसीआई थाने में तैनात दारोगा उमाशंकर सिंह ने केस दर्ज कराया था। एक दर्जन लोगों की गवाही के बाद तीनों को एमपी एमएलए कोर्ट ने दोषी करार देते हुए यह सजा सुनाई।

इस खबर के बारे में

रिपोर्टर / लेखक

Jitendra Vidyarthi

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

विज्ञापन

संबंधित खबरें