ARWAL: अरवल जिले में लगातार बढ़ रही ठंड और विशेष रूप से सुबह और शाम के समय न्यूनतम तापमान में गिरावट को देखते हुए जिला प्रशासन ने बच्चों के स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण कदम उठाया है। जिला दण्डाधिकारी अमृषा बैस द्वारा भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के अंतर्गत आदेश जारी करते हुए जिले के सभी सरकारी एवं निजी विद्यालयों, प्री-स्कूल तथा आंगनवाड़ी केंद्रों में शैक्षणिक गतिविधियों के समय पर अस्थायी प्रतिबंध लगाया गया है।
जारी आदेश के अनुसार दिनांक 24 दिसंबर 2025 से 26 दिसंबर 2025 तक किसी भी विद्यालय में सुबह 10:00 बजे से पहले तथा अपराह्न 3:30 बजे के बाद नियमित शैक्षणिक गतिविधियों का संचालन नहीं किया जाएगा। प्रशासन का मानना है कि अत्यधिक ठंड के दौरान छोटे बच्चों को सुबह जल्दी और देर शाम विद्यालय आने-जाने में स्वास्थ्य संबंधी जोखिम बढ़ जाता है, जिससे सर्दी, खांसी, बुखार एवं अन्य मौसमी बीमारियों की संभावना रहती है।
विद्यालय प्रबंधन को निर्देश दिया गया है कि वे इस आदेश के अनुरूप अपने-अपने विद्यालयों की समय-सारणी का पुनर्निर्धारण करें, ताकि बच्चों की पढ़ाई भी प्रभावित न हो और उनका स्वास्थ्य भी सुरक्षित रहे। हालांकि, बोर्ड एवं प्री-बोर्ड परीक्षाओं की तैयारी के लिए संचालित विशेष कक्षाओं और परीक्षाओं को इस आदेश से मुक्त रखा गया है, जिससे विद्यार्थियों की शैक्षणिक प्रगति पर प्रतिकूल असर न पड़े।
इस आदेश की प्रतिलिपि आयुक्त, मगध प्रमंडल गया, पुलिस अधीक्षक अरवल, अनुमंडल पदाधिकारी, शिक्षा विभाग, आईसीडीएस, जिला जनसंपर्क पदाधिकारी सहित सभी संबंधित अधिकारियों को सूचनार्थ एवं आवश्यक कार्रवाई हेतु भेजी गई है। जिला प्रशासन ने आम जनता और अभिभावकों से अपील की है कि वे बच्चों के स्वास्थ्य को प्राथमिकता दें और प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन सुनिश्चित करें।






