ब्रेकिंग
बिहार को जल्द मिलेंगे 25 नए IAS अधिकारी, इस दिन करेंगे ज्वाइन; प्रशासनिक कामकाज को मिलेगी रफ्तारबिहार से आई हैरान करने वाली तस्वीर: गैस के लिए रातभर सड़कों पर सोने को मजबूर लोग, फिर भी नहीं मिल रहा LPG सिलेंडरबिहार में मेले के मंच पर भारी हंगामा, पूर्व मंत्री के सामने आर्केस्ट्रा डांसर्स के बीच जमकर मारपीट; वीडियो हुआ वायरलसीएम आवास में हलचल हुई तेज: नीतीश कुमार ने पार्टी नेताओं के साथ की अहम बैठक, बिहार में पक रही कौन सी सियासी खिचड़ी?Bihar Board Matric Result 2026: सुपौल के 2 छात्रों ने किया कमाल, एक के पिता पंक्चर बनाते हैं तो दूसरे के मम्मी-पापा दोनों टीचर बिहार को जल्द मिलेंगे 25 नए IAS अधिकारी, इस दिन करेंगे ज्वाइन; प्रशासनिक कामकाज को मिलेगी रफ्तारबिहार से आई हैरान करने वाली तस्वीर: गैस के लिए रातभर सड़कों पर सोने को मजबूर लोग, फिर भी नहीं मिल रहा LPG सिलेंडरबिहार में मेले के मंच पर भारी हंगामा, पूर्व मंत्री के सामने आर्केस्ट्रा डांसर्स के बीच जमकर मारपीट; वीडियो हुआ वायरलसीएम आवास में हलचल हुई तेज: नीतीश कुमार ने पार्टी नेताओं के साथ की अहम बैठक, बिहार में पक रही कौन सी सियासी खिचड़ी?Bihar Board Matric Result 2026: सुपौल के 2 छात्रों ने किया कमाल, एक के पिता पंक्चर बनाते हैं तो दूसरे के मम्मी-पापा दोनों टीचर

Indian Air Force Day 2025: भारतीय वायु सेना का 93वां स्थापना दिवस आज, जानिए कब से हुई शुरुआत

Indian Air Force Day 2025: 8 अक्टूबर, एक तारीख जो हर साल भारतीय वायु सेना की वीरता, साहस और पराक्रम की गवाही देती है। आज पूरा देश 93वां वायु सेना दिवस मना रहा हैं , लेकिन हर साल की तरह ये महज़ एक परेड नहीं एक शक्ति प्रदर्शन है. जानें क्या है इसके पीछ

Indian Air Force Day
Indian Air Force Day
© Google
PRIYA DWIVEDI
|
|AMP
विज्ञापन — Rectangle

Indian Air Force Day 2025: 8 अक्टूबर, एक तारीख जो हर साल भारतीय वायु सेना की वीरता, साहस और पराक्रम की गवाही देती है। आज पूरा देश 93वां वायु सेना दिवस मना रहा हैं , लेकिन हर साल की तरह ये महज़ एक परेड नहीं एक शक्ति प्रदर्शन है. जानें क्या है इसके पीछे का इतिहास?


भारतीय वायुसेना की स्थापना 8 अक्टूबर 1932 को हुई थी जिसके बाद से ही प्रतिवर्ष इस दिन को वायु सेना दिवस के रूप में मनाया जाता है। एयर मार्शल सुब्रोतो मुखर्जी को भारतीय वायु सेना का संस्थापक माना जाता है। आजादी के बाद 1 अप्रैल 1954 सुब्रोतो मुखर्जी को भारतीय वायु सेना का पहला वायु सेना प्रमुख भी नियुक्त किया गया था।


वायुसेना दिवस युवा पीढ़ी को देश सेवा के लिए प्रेरित करने, राष्ट्रीय एकता और गर्व की भावना जगाने का भी काम करता है। भारतीय वायुसेना देश की सुरक्षा के साथ ही आपदा राहत, बचाव कार्य, शांति अभियानों और विदेश में फंसे भारतीय नागरिकों को वापस लाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। इसलिए वायुसेना दिवस उसके गौरवशाली इतिहास, विकास और साहसिक कार्यों को जनता के सामने लाने के लिए इस दिन को मनाया जाता है।


देश में जल, थल और वायु सेनाओं का अपना एक आदर्श वाक्य है। भारतीय वायुसेना का आदर्श वाक्य है- 'नभ: स्पृशं दीप्तम'। भारतीय वायु सेना का आदर्श वाक्य गीता के ग्यारहवें अध्याय से लिया गया है। यह महाभारत के महायुद्ध के दौरान कुरूक्षेत्र की युद्धभूमि में भगवान श्री क्रष्ण द्वारा अर्जुन को दिए गए उपदेश में से एक है।

टैग्स
इस खबर के बारे में

रिपोर्टर / लेखक

PRIYA DWIVEDI

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

विज्ञापन

संबंधित खबरें