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पहली बार शराब पीने वालों को भी जेल, कैबिनेट की मुहर के बाद नीतीश सरकार ने जारी की अधिसूचना

PATNA : बिहार में लागू शराबबंदी कानून के नियमों में पहले से बदलाव किया गया है। सरकार ने पहली बार शराब पीकर पकड़े जाने पर जुर्माने की राशि को कम कर दिया। दो दिन पहले कैबिनेट की बैठक

पहली बार शराब पीने वालों को भी जेल, कैबिनेट की मुहर के बाद नीतीश सरकार ने जारी की अधिसूचना
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PATNA : बिहार में लागू शराबबंदी कानून के नियमों में पहले से बदलाव किया गया है। सरकार ने पहली बार शराब पीकर पकड़े जाने पर जुर्माने की राशि को कम कर दिया। दो दिन पहले कैबिनेट की बैठक में नई नियमावली को मंजूरी दी गई लेकिन पहली बार शराब पीने वाले लोगों को पकड़े जाने पर जेल भी जाना पड़ सकता है। दरअसल कैबिनेट की मंजूरी के बाद अब राज्य सरकार ने इस नई नियमावली की पूरी अधिसूचना जारी कर दी है। 


मंगलवार को बिहार मद्य निषेध एवं उत्पाद नियमावली 2021 के संशोधन की अधिसूचना जारी कर दी गई है। इसमें पहली बार शराब पीकर पकड़े जाने पर जेल की बजाय 2 से 5 हजार तक जुर्माने का प्रावधान किया गया है। लेकिन जुर्माना होगा या जेल यह पुलिस और उत्पाद पदाधिकारियों की रिपोर्ट पर ही तय होगा। 


पुलिस या उत्पाद पदाधिकारी अपनी रिपोर्ट में आरोपी को जुर्माने पर नहीं छोड़े जाने की रिपोर्ट दे सकता है। इसके लिए उसे उचित कारण देना होगा। इससे संतुष्ट होने पर कार्यपालक दंडाधिकारी 30 दिनों तक की सजा दे सकता है। जुर्माने का भुगतान नहीं करने पर भी 30 दिनों के कारावास की सजा हो सकती है। दूसरी या तीसरी बार पकड़े जाने पर एक साल की जेल का प्रावधान किया गया है। 


अधिसूचना में यह भी कहा गया है कि पहली बार पकड़े जाने पर भी अगर आरोपी जुर्माना देने में असमर्थ है तो जुर्माने की राशि देने तक उसे न्यायिक हिरासत में भेजा जा सकता है। जुर्माने के भुगतान के तुरंत बाद उसे छोड़ दिया जाएगा। शराब पीते पकड़े जाने का मामला अब विशेष न्यायालयों में नहीं भेजा जाएगा। अब इसे कार्यपालक दंडाधिकारी निपटाएंगे। इसके अलावा जो पहले से जेल में बंद हैं वह भी अब जुरमाना दे कर छूट सकते हैं।

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FirstBihar न्यूज़ डेस्क

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