ब्रेकिंग
2025 बैच के 11 IAS अधिकारियों की जिलों में तैनाती, सहायक समाहर्ता और सहायक दंडाधिकारी बनाए गए जन सुराज को फिर से खड़ा करने में जुटे प्रशांत किशोर, 15 नए प्रदेश महासचिव की लिस्ट जारी करप्शन किंग SDPO को हटाया गया: PHQ ने वापस बुलाया, EOU की रेड में करीब 80 करोड़ की संपत्ति का खुलासा पटना में अगलगी की दो घटना: एंबुलेंस में लगी आग, AC फटने से नर्सिंग होम में मची अफरा-तफरी नालंदा में महिला से छेड़खानी के बाद पुलिस ने की बड़ी कार्रवाई, अब तक 8 आरोपी गिरफ्तार 2025 बैच के 11 IAS अधिकारियों की जिलों में तैनाती, सहायक समाहर्ता और सहायक दंडाधिकारी बनाए गए जन सुराज को फिर से खड़ा करने में जुटे प्रशांत किशोर, 15 नए प्रदेश महासचिव की लिस्ट जारी करप्शन किंग SDPO को हटाया गया: PHQ ने वापस बुलाया, EOU की रेड में करीब 80 करोड़ की संपत्ति का खुलासा पटना में अगलगी की दो घटना: एंबुलेंस में लगी आग, AC फटने से नर्सिंग होम में मची अफरा-तफरी नालंदा में महिला से छेड़खानी के बाद पुलिस ने की बड़ी कार्रवाई, अब तक 8 आरोपी गिरफ्तार

Bihar News: नालंदा में कर्ज से त्रस्त परिवार ने खाया जहर, 4 की मौत

Bihar News: नालंदा के पावापुरी में कर्ज के बोझ तले दबे धर्मेंद्र ने पत्नी और तीन बच्चों को सल्फास खिलाकर खुद भी की आत्महत्या की कोशिश, चार की मौत। छोटा बेटा बचा, पुलिस जांच में साहूकारों की प्रताड़ना सामने आई।

Bihar News
प्रतीकात्मक
© Google
Deepak KumarDeepak Kumar|
|AMP
विज्ञापन — Rectangle

Bihar News: बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के गृह जिले नालंदा के पावापुरी में एक दिल दहलाने वाली घटना सामने आई है। कर्ज के बोझ और साहूकारों की प्रताड़ना से तंग आकर कपड़ा दुकानदार धर्मेंद्र कुमार ने अपनी पत्नी और तीन बच्चों को सल्फास की गोलियां खिला दीं और खुद भी जहर खा लिया है। इस त्रासदी में धर्मेंद्र की पत्नी सोनी कुमारी (38 वर्ष), बेटियों दीपा (12 वर्ष), अरिमा कुमारी (14 वर्ष) और बेटे शिवम (13 वर्ष) की भगवान महावीर अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई है। धर्मेंद्र की हालत गंभीर बनी हुई है, जबकि छोटे बेटे सत्यम ने जहर खाने से इनकार कर दिया, जिससे वह बच गया।


पुलिस जांच में पता चला है कि शेखपुरा के पुरनकामा सिक्करपुर गांव के मूल निवासी धर्मेंद्र पिछले छह महीनों से पावापुरी में जलमंदिर के पास किराए के मकान में रह रहे थे। वह श्री काली मां साड़ी सेंटर नाम की दुकान चलाते थे, लेकिन कपड़े के कारोबार में भारी नुकसान के कारण उन पर स्थानीय साहूकारों का करीब पांच लाख रुपये का कर्ज हो गया था। साहूकारों की लगातार गाली-गलौज और प्रताड़ना ने धर्मेंद्र को इस हद तक परेशान कर दिया कि उन्होंने यह आत्मघाती कदम उठाया। छोटे बेटे सत्यम ने बताया कि शिकरपुर गांव का एक युवक रामू सहित अन्य लोग ब्याज न चुकाने पर उनके माता-पिता को अपमानित करते थे।


यह घटना शुक्रवार शाम को उस समय हुई, जब गांव में काली मंदिर स्थापना दिवस की पूजा चल रही थी। मंदिर से कुछ दूरी पर धर्मेंद्र ने अपने परिवार को सल्फास खिलाया, जिसके बाद सभी तड़पने लगे। मरने से पहले सोनी कुमारी ने बादशाह कोचिंग सेंटर के संचालक मधुरंजन को फोन कर अपने छोटे बेटे सत्यम की देखभाल की गुहार लगाई। घटना की सूचना मिलते ही राजगीर डीएसपी सुनील कुमार सिंह और इंस्पेक्टर मनीष भारद्वाज मौके पर पहुंचे। डीएसपी ने बताया कि साहूकारों की प्रताड़ना इस त्रासदी का मुख्य कारण प्रतीत होता है, लेकिन अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है। पुलिस ने सत्यम से पूछताछ के आधार पर मामला दर्ज कर लिया है और साहूकारों के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी कर रही है।


मनोज कुमार की रिपोर्ट

इस खबर के बारे में
Deepak Kumar

रिपोर्टर / लेखक

Deepak Kumar

FirstBihar न्यूज़ डेस्क

विज्ञापन

संबंधित खबरें