दिल्ली को कोलकाता से जोड़ने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग-19 (NH-19) पर पिछले आठ दिनों से भीषण जाम लगा हुआ है. खासकर मोहनिया, कुदरा और दुर्गावती के पास यह जाम हर दिन घंटों तक लगा रहता है, जिससे आम लोगों के साथ-साथ महाकुंभ में जाने वाले श्रद्धालुओं को भी काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है. स्थिति यह है कि लोग घंटों जाम में फंसे रहते हैं, लेकिन स्थानीय प्रशासन और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (NHAI) इस समस्या को लेकर अब तक गंभीर नहीं दिख रहा है.
बुधवार को मोहनिया थाना क्षेत्र के बरेज गांव के पास बने डायवर्सन से लेकर पुसौली बाजार तक 10 किलोमीटर लंबा जाम लग गया. इस जाम में श्रद्धालुओं के वाहन, टूरिस्ट बसें और मालवाहक ट्रक फंसे रहे. हद तो तब हो गई जब कई लोग गलत साइड से निकलने की कोशिश करने लगे, जिससे स्थिति और खराब हो गई.
गौरतलब है कि बरेज गांव के पास ओवरब्रिज निर्माण के कारण दोनों तरफ डायवर्सन बनाया गया है. लेकिन यह डायवर्सन लोगों के लिए राहत की जगह नई मुसीबत बन गया है. जगह-जगह ब्रेकर बना दिए गए हैं, जिससे वाहन धीमी गति से चलते हैं। डायवर्सन ठीक से नहीं बना है, जिससे यातायात रुक-रुक कर चलता है। दिन हो या रात, हर दिन घंटों जाम लगा रहता है।
बरेज गांव के पास ओवरब्रिज का निर्माण पिछले आठ महीने से चल रहा है, लेकिन यह अभी तक पूरा नहीं हो सका है। ठेकेदार और प्रशासन की सुस्ती के कारण लोग हर दिन जाम की पीड़ा से गुजरने को मजबूर हैं। अगर यह काम तेजी से पूरा नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में यह जाम स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं के लिए बड़ी समस्या बन सकता है।
स्थानीय निवासी कृष्णा सिंह कहते हैं कि डायवर्सन के पास हमेशा वाहन धीमी गति से चलते हैं, जिससे जाम लग जाता है। हमें मोहनिया जाने में घंटों लग रहे हैं, लेकिन प्रशासन इस समस्या को नजरअंदाज कर रहा है। कैमूर में एनएच-19 पर लगे इस जाम को लेकर अब सवाल उठ रहे हैं कि एनएचएआई और स्थानीय प्रशासन कब तक इसे नजरअंदाज करेगा? महाकुंभ में जाने वाले लाखों श्रद्धालु परेशान हैं, लेकिन अभी तक कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।





