Bihar News: बिहार के मुजफ्फरपुर जिले से हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जहां साइबर ठगी और ऑनलाइन फेक ट्रेडिंग व गेमिंग साइट्स चलाने वाले गिरोह का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। यह घटना साहेबगंज थाना क्षेत्र के मीनापुर गांव स्थित वार्ड नंबर 11 की है। इस गिरोह के सदस्यों पर विभिन्न प्रकार की ऑनलाइन ठगी कर लोगों को लाखों रुपए से ठगने का आरोप है।
दरअसल, यह कार्यवाई गुप्त सूचना के आधार पर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशानुसार ग्रामीण पुलिस अधीक्षक विद्यासागर के नेतृत्व में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी सरैया और साहेबगंज थाना प्रभारी की टीम ने छापेमारी कर कार्रवाई की।
पुलिस ने गिरोह के कब्जे से भारी मात्रा में कैश और इलेक्ट्रॉनिक उपकरण बरामद किए हैं। बरामद सामान में नकद ₹15,88,1391 लैपटॉप, 1 आईपैड, 1 मॉनिटर, 1 पेन ड्राइव, 6 मोबाइल फोन, 1 मोटरसाइकिल, 1 नोट गिरने की मशीन, 1 वाई-फाई राउटर, विभिन्न बैंकों के 13 एटीएम कार्ड, 8 बैंक पासबुक, 3 चेक बुक और 1 कैश चेस्ट और लॉकर शामिल हैं। एसपी ने बताया कि न्यायालय से अनुमति मिलने पर कैश चेस्ट खोला जाएगा, ताकि उसमें मौजूद रकम और महत्वपूर्ण दस्तावेजों की सही जानकारी प्राप्त की जा सके।
पुलिस ने गिरोह के मुख्य आरोपी विकास कुमार, जो नगीना भगत के पुत्र हैं, को गिरफ्तार कर लिया है। वहीं मास्टरमाइंड अभिषेक कुमार अभी पुलिस की पकड़ से बाहर है और उसकी तलाश जारी है। दोनों आरोपी भाई हैं। पुलिस ने इस मामले में और भी कई जगहों पर छापेमारी की योजना बनाई है।
ग्रामीण एसपी विद्यासागर ने बताया कि गिरोह के सदस्य नकली ऑनलाइन ट्रेडिंग और गेमिंग साइट्स के माध्यम से लोगों को झांसा देकर धोखाधड़ी करते थे। उन्होंने जनता से सावधानी बरतने और अनजान वेबसाइटों से दूर रहने की अपील की है। यह मामला बिहार में साइबर ठगी की बढ़ती घटनाओं की चिंता को और बढ़ाता है। पुलिस साइबर अपराध नियंत्रण के लिए विशेष टीमें गठित कर चुकी है और इस तरह के अपराधों पर लगाम लगाने के लिए लगातार कार्य कर रही है।





