Bihar Weather: बिहार में मानसून के बादल एक बार फिर से लोगों को डराने के लिए आ चुके हैं। मौसम विभाग ने 10 सितंबर से राज्य के अधिकांश हिस्सों में भारी वर्षा की चेतावनी जारी की है। आज पटना समेत 11 जिलों में मेघ गर्जन, वज्रपात और 30 से 40 किलोमीटर प्रतिघंटा की तेज हवाओं का येलो अलर्ट है। वर्तमान में मानसून कमजोर है लेकिन 11 सितंबर से यह फिर सक्रिय हो जाएगा, जिससे चार दिनों में तापमान में दो से तीन डिग्री की गिरावट आ सकती है। शुक्रवार को पटना सबसे गर्म रहा, जहां अधिकतम तापमान 36.5 डिग्री सेल्सियस दर्ज हुआ। उमस भरी गर्मी ने लोगों को परेशान किया लेकिन आने वाली बारिश से राहत मिलने की उम्मीद है।
बीते 24 घंटों में पटना जिले के मसौढ़ी में सबसे अधिक 24.2 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई। अन्य जगहों पर सिवान के रघुनाथपुर में 24.2 मिलीमीटर, दुल्हिन बाजार में 22.2 मिलीमीटर, बक्सर के राजपुर में 21.6 मिलीमीटर, नौबतपुर में 20 मिलीमीटर, जहानाबाद के मोदनगंज में 19.4 मिलीमीटर, बिहटा में 15.2 मिलीमीटर, सिसवन में 12.6 मिलीमीटर, खगड़िया के परबत्ता में 12.2 मिलीमीटर, जहानाबाद में 11 मिलीमीटर, रोहतास के करघर में 10.8 मिलीमीटर, भागलपुर के सुल्तानगंज में 8.6 मिलीमीटर, औरंगाबाद के देव में 6.8 मिलीमीटर, आरा में 6.4 मिलीमीटर, गोपालगंज में 6.2 मिलीमीटर और गयाजी के अतरी में 6.2 मिलीमीटर बारिश हुई। शनिवार को बक्सर, भोजपुर, भभुआ, रोहतास, औरंगाबाद, खगड़िया, भागलपुर, मुंगेर, बांका और जमुई में मेघ गर्जन और वज्रपात का अलर्ट है।
प्रमुख शहरों के तापमान की बात करें तो पटना में अधिकतम 36.5 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 28.4 डिग्री सेल्सियस, गयाजी में अधिकतम 34.6 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 25.8 डिग्री सेल्सियस, भागलपुर में अधिकतम 33.8 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 27.3 डिग्री सेल्सियस, मुजफ्फरपुर में अधिकतम 34.0 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम 28.1 डिग्री सेल्सियस। बारिश के कारण कुछ इलाकों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है, लेकिन भारी वर्षा से नदियों का जलस्तर बढ़ सकता है। मौसम विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि वे खेतों में काम करते समय वज्रपात से सावधान रहें और खुले मैदानों में न जाएं। आम लोगों को भी तेज हवाओं और बिजली चमकने पर घर के अंदर रहने की हिदायत दी गई है।
10 सितंबर से मानसून की सक्रियता बढ़ने से सितंबर के दूसरे और तीसरे सप्ताह में सामान्य से अधिक वर्षा होने की संभावना है। यह किसानों के लिए वरदान साबित हो सकती है, लेकिन बाढ़ प्रभावित इलाकों में सतर्कता बरतनी होगी। पटना और आसपास के क्षेत्रों में हल्की फुहारों से राहत मिली, लेकिन पूर्ण राहत 10 सितंबर के बाद ही मिलेगी। मौसम विभाग की मानें तो अगले कुछ दिनों में बादल छाए रहेंगे और भारी बारिश से तापमान में गिरावट आएगी।






