Bihar luxury car market: बिहार के लोगों में महंगी गाड़ियों के प्रति काफी रुझान बढ़ा है, जिससे महंगी गाड़ियों की खरीदारी भी तेज रफ्तार पकड़ लिया है। इसके साथ गाड़ियों के अधिक खरीदारी बढ़ने के वजह से राज्य सरकार को बंपर आमदनी हो रही है। मात्र पांच साल के भीतर ही सरकार को गाड़ियों की बिक्री से होने वाली आमदनी में 27% तक की वृद्धि हुई है।
परिवहन विभाग के अनुसार, इस साल अब तक लगभग 8.95 लाख गाड़यों की बिक्री हो चुकी है। इससे सरकार को 2100 करोड़ से अधिक की आमदनी हुई है। पिछले साल की तुलना में इस साल गाड़ियों की कम बिक्री हुई है, लेकिन विभाग को 10 फीसदी अधिक आमदनी हुई है।
बढ़ते खरीदारी के आंकड़ो को देखते हुए यह अनुमान लगाया जा रहा है कि महंगी गाड़ियों की खरीदारी के कारण ही सरकार को काफी अधिक आमदनी हो रही है। बता दें कि 2022 में 20 हजार 121 रुपये तो 2023 में 20 हजार 782 रुपये की आय हुई। वहीं साल 2024 में प्रति गाड़ी से सरकार को औसतन 21 हजार 421 रुपये की आय हुई। इस वर्ष बिक रही गाड़ियों से सरकार को 23 हजार 860 रुपये की आय हो रही है।
गाड़ियों के बढ़ते क्रेज कुछ गांड़ियां है, जो लोगों को काफी आकर्षक कर रही है। इन गांड़ियों में सड़कों पर मर्सिडीज, जगुआर, पोर्श, ऑडी, रेंजरोवर, डिफेंडर, फॉच्यूर्नर, इनोवा क्रिस्टा जैसी गाड़ियां आसानी से दिख जाती हैं। इसका एक कारण यह भी है कि पहले बिहार के लोगों को महंगी गाड़ियों की खरीदारी के लिए रांची, कोलकाता या वाराणसी जाना पड़ता था। मगर अब पटना में ही मर्सिडीज जैसी गाड़ियों के शोरूम खुल गए हैं। साथ ही अपने बिक्री में भी पकड़ बनाएं हुए है।





