Bihar Eli Scheme: भारत सरकार 1 अगस्त 2025 से एम्प्लॉयमेंट लिंक्ड इंसेंटिव (ELI) स्कीम शुरू करने जा रही है। यह स्कीम बिहार सहित पूरे देश के पहले नौकरी करने वाले युवाओं के लिए वरदान साबित होगी। इस स्कीम के तहत पहली बार नौकरी शुरू करने वाले कर्मचारियों को सैलरी के अतिरिक्त 15,000 रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। यह राशि दो किस्तों में मिलेगी, पहली किस्त 6 महीने की नौकरी के बाद और दूसरी 12 महीने बाद, बशर्ते कर्मचारी एक अनिवार्य वित्तीय साक्षरता कोर्स पूरा कर ले। स्कीम का लक्ष्य युवाओं को रोजगार के लिए प्रोत्साहित करना, स्किल्ड वर्कफोर्स तैयार करना और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को बढ़ावा देना है। सरकार ने इसके लिए 99,446 करोड़ रुपये का बजट आवंटित किया है।
इस स्कीम का लाभ 1 अगस्त 2025 से 31 जुलाई 2027 के बीच नौकरी शुरू करने वाले कर्मचारियों को मिलेगा। पात्रता के लिए कर्मचारी की मासिक सैलरी 1 लाख रुपये तक होनी चाहिए और वह पहली बार कर्मचारी भविष्य निधि संगठन में रजिस्टर्ड होना चाहिए। अगर किसी कर्मचारी का PF पहले नहीं कटता था, लेकिन 1 अगस्त 2025 के बाद वह PF के दायरे में आता है तो वह भी इस स्कीम के लिए योग्य होगा। यह प्रोत्साहन राशि डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के जरिए आधार-लिंक्ड बैंक खाते में जमा होगी, जिसमें कर्मचारी को UAN को आधार से लिंक करना अनिवार्य है।
कंपनियों को भी इस स्कीम से बड़ा लाभ होगा। EPFO में रजिस्टर्ड कंपनियों को प्रत्येक नए कर्मचारी के लिए 2 साल तक 3,000 रुपये प्रति माह की प्रोत्साहन राशि मिलेगी। मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में यह लाभ 4 साल तक बढ़ाया जा सकता है। शर्त यह है कि 50 से कम कर्मचारियों वाली कंपनियों को कम से कम 2 नए कर्मचारी और 50 या अधिक कर्मचारियों वाली कंपनियों को 5 नए कर्मचारी नियुक्त करने होंगे। जिन्हें कम से कम 6 महीने तक नौकरी में रखना होगा। अगर कर्मचारी 12 महीने से पहले नौकरी छोड़ता है, तो कंपनी को प्रोत्साहन राशि वापस करनी होगी।
ELI स्कीम की खासियत यह है कि इसके लिए अलग से आवेदन करने की जरूरत नहीं है। जैसे ही कर्मचारी का PF अकाउंट खुलता है, उसका डेटा स्वचालित रूप से सरकार के पास चला जाएगा। 6 महीने तक लगातार PF जमा होने पर पहली किस्त और 12 महीने बाद वित्तीय साक्षरता कोर्स पूरा करने पर दूसरी किस्त सीधे खाते में जमा होगी।





