Bihar Education News: बिहार के भागलपुर में शिक्षा विभाग ने आरटीई (शिक्षा का अधिकार) के तहत नामांकन में गड़बड़ी को गंभीरता से लेते हुए 43 निजी विद्यालयों पर सख्ती दिखाई है। जिला शिक्षा विभाग ने इस मामले में सभी स्कूलों से जवाब तलब किया है।
जिला कार्यक्रम पदाधिकारी (प्राथमिक शिक्षा) की ओर से जारी पत्र में कहा गया है कि शैक्षणिक सत्र 2026-27 में वर्ग-एक में नामांकन के लिए चयनित बच्चों को संबंधित विद्यालयों ने दाखिला नहीं दिया, जो नियमों का स्पष्ट उल्लंघन है।
विभागीय जानकारी के अनुसार, ज्ञानदीप पोर्टल पर चयन प्रक्रिया पूरी होने के बावजूद 69 बच्चों का नामांकन नहीं लिया गया। शिक्षा विभाग ने इसे गंभीर अनियमितता मानते हुए सभी मान्यता प्राप्त निजी विद्यालयों को निर्देश दिया है कि आरटीई के तहत चयनित छात्रों का नामांकन लेना अनिवार्य है।
सभी 43 विद्यालयों के प्राचार्यों और प्रबंधकों को 6 अप्रैल को दोपहर 12:30 बजे तक स्वयं उपस्थित होकर अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया गया है। साथ ही, नामांकन नहीं लेने के कारणों का स्पष्ट स्पष्टीकरण और संबंधित दस्तावेज प्रस्तुत करने को कहा गया है।
डीपीओ एसएसए बबीता कुमारी ने बताया कि यदि तय समय तक संतोषजनक जवाब नहीं दिया गया या निर्देशों की अनदेखी की गई, तो संबंधित विद्यालयों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। आवश्यकता पड़ने पर स्कूलों की मान्यता रद्द करने की प्रक्रिया भी शुरू की जा सकती है।
शिक्षा विभाग की इस कार्रवाई को आरटीई नियमों के सख्त पालन की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है, जिससे निजी विद्यालयों की जवाबदेही तय होगी और छात्रों को उनके अधिकार मिल सकेंगे।




